सच्चे और निष्ठावान देशभक्त थे शांति शरण विद्यार्थी: डॉ. चौहान
लखनऊ के डॉ. हरि प्रकाश हरि को नवम शांति शरण विद्यार्थी सम्मान से किया सम्मानित
बरेली। स्वतंत्रता सेनानी शांति शरण विद्यार्थी ने देश की आजादी के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया। वह सच्चे, निष्ठावान और साहसी देशभक्त थे। यह विचार शहर के मुख्य चिकित्सक डॉ. ए.के. चौहान ने गुरुवार को रोटरी भवन में आयोजित संस्मरण एवं सम्मान समारोह में व्यक्त किए। मानव सेवा क्लब और स्वतंत्रता सेनानी शांति शरण विद्यार्थी ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में लखनऊ के क्रांतिकारी लेखन के सशक्त हस्ताक्षर डॉ. हरि प्रकाश हरि को उनके उत्कृष्ट लेखन के लिए नवम शांति शरण विद्यार्थी सम्मान से सम्मानित किया गया।
डॉ. हरि प्रकाश हरि को हार, शाल, स्मृति चिह्न और प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस दौरान डॉ. मनीष शर्मा, क्लब के पूर्व अध्यक्ष सीए राजेन विद्यार्थी, अध्यक्ष सुरेंद्र बीनू सिन्हा और महासचिव मुकेश कुमार सक्सेना मौजूद रहे। सम्मान से अभिभूत डॉ. हरि प्रकाश हरि ने मानव सेवा क्लब की सराहना करते हुए कहा कि शांति शरण विद्यार्थी बरेली की शान हैं और हमेशा रहेंगे।
क्लब के अध्यक्ष सुरेंद्र बीनू सिन्हा ने स्वतंत्रता सेनानी शांति शरण विद्यार्थी के जीवन से जुड़े प्रसंग साझा किए।
कार्यक्रम में क्लब परिवार में शामिल हुए शरद मित्तल, मोहित अरोरा और डॉ. रश्मि जौहरी को क्लब की पिन लगाकर विधिवत सदस्यता दिलाई गई। इसके साथ ही क्लब में सदस्यों की संख्या बढ़कर 146 हो गई। इस दौरान रणजीत पांचाले, सुरेश बाबू मिश्रा, केबी अग्रवाल, मधु वर्मा, शकुन सक्सेना, अरुणा सिन्हा, कल्पना सक्सेना, सीए राजेन विद्यार्थी राकेश चंद्र विद्यार्थी, प्रदीप माधवार, इंद्र देव त्रिवेदी, शालिनी विद्यार्थी, निर्भय सक्सेना, राजेश प्रकाश, सत्येंद्र सक्सेना, आभा तिवारी, सुनील शर्मा, राजीव सक्सेना, रणधीर प्रसाद गौड़, जितेंद्र सक्सेना, सुधीर मोहन, अनिल गुप्ता, मंजूलता, शचींद्र सक्सेना और इरा सक्सेना मौजूद रहे।




