शिक्षण में संवेदना और बाल-केंद्रित दृष्टिकोण जरूरी : डॉ. उजमा कमर
बरेली। एडुविजन इंडिया की डायरेक्टर एवं शिक्षाविद् डॉ. उजमा कमर ने सिविल लाइंस स्थित गिरिश प्रसाद मेमोरियल स्कूल के प्रधानाचार्य से शैक्षिक विषयों पर संवाद किया। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास, संवेदनशीलता और बाल-केंद्रित शिक्षा के महत्व पर विचार साझा किए।
डॉ. उजमा कमर ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान देना नहीं, बल्कि उनमें समझ, संवेदनशीलता, आत्मविश्वास और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करना भी है। इसके लिए विद्यालयों में ऐसा वातावरण तैयार किया जाना चाहिए, जहां बच्चे अपनी बात सहजता से रख सकें और सीखने की प्रक्रिया में सक्रिय रूप से भाग ले सकें।
उन्होंने कहा कि शिक्षकों और विद्यालय नेतृत्व की भूमिका बच्चों के व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण है। विद्यार्थियों की भावनाओं को समझते हुए उनकी जरूरतों के अनुरूप शिक्षण पद्धति अपनाने से शिक्षा अधिक प्रभावी और सार्थक बनती है।
डॉ. उजमा कमर ने कहा कि एडुविजन इंडिया का प्रयास करुणामय और बाल-केंद्रित शिक्षण वातावरण को बढ़ावा देना है, जिसमें बच्चों की शैक्षिक प्रगति के साथ उनके भावनात्मक और सामाजिक विकास पर भी ध्यान दिया जाए।




