एमएमजी अस्पताल में नर्स के साथ मारपीट का मामला
धरने पर बैठा नर्सिंग स्टाफ, ठप्प रही स्वास्थ्य व्यवस्था


गाजियाबाद। गत 8 जुलाई को जिला एमएमजी अस्पताल में नर्सिंग स्टाफ के साथ एक महिला मरीज द्वारा की गई मारपीट के मामले में बुधवार को गंभीर मोड़ ले लिया। स्टाफ नर्स हिना विक्टर, दीपा और अलका समेत अस्पताल के पूरे स्टाफ में हड़ताल कर दी। इस दौरान इमरजेंसी के अलावा ओपीडी समेत अन्य विभाग पूरी तरह से बंद रहे। स्टाफ का कहना है की मरीज को पत्नी द्वारा मारपीट किए जाने के केस में पुलिस ने आरोपी महिला को अभी तक गिरफ्तार नहीं किया है। इसी विरोध में बुधवार को अस्पताल के सभी स्वास्थ्यकर्मियों ने हड़ताल कर दी है। सुबह नौ बजे से शुरू हो हड़ताल खबर लिखे जनता जाने तक जारी थी। इस हड़ताल के चलते मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस मामले में सीएमएस राकेश कुमार का कहना है कि सात दिन बाद इस केस में एफआईआर दर्ज नहीं हुई और इस का कारण पुलिस द्वारा की गई मनमानी है। उधर, इस हड़ताल के चलते जहां 3 हजार से अधिक मरीजों की ओपीडी प्रभावित, वहीं कई ऑपरेशन तक नहीं हो सके। इसके अलावा रजिस्ट्रेशन काउंटर, पर्ची काउंटर और ओपीडी सेवाएं ठप रहीं, हजारों मरीजों को घंटों इंतजार करना पड़ा। 60 अल्ट्रासाउंड, 150 एक्स-रे, 85 ईसीजी और 65 सीटी स्कैन नहीं हो सके। एक तरफ अस्पताल का स्टाफ धरने पर बैठा दिखा, तो वहीं दूसरी ओर मरीज और उनके परिजन हालत सामान्य होने का इंतजार करते दिखे।



