पिता ने 24 साल तक सरहद पर निभाया फर्ज
अब बेटी ने पहनी सेना की अफसरी वर्दी
बरेली के भरतौल गांव की दीक्षा वोहरा आर्मी मेडिकल कोर में बनीं लेफ्टिनेंट, परिवार और गांव में खुशी की लहर
बरेली। पिता ने भारतीय सेना में 24 साल तक सेवाएं देकर देश के प्रति अपना फर्ज निभाया, अब बेटी ने सेना में अधिकारी बनकर परिवार का नाम रोशन किया है। बरेली के भरतौल गांव की दीक्षा वोहरा भारतीय सेना के आर्मी मेडिकल कोर में लेफ्टिनेंट बनी हैं। उनकी इस उपलब्धि से परिवार के साथ पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल है।
दीक्षा के पिता राम सिंह वोहरा ने बंगाल इंजीनियर्स में 24 वर्षों तक देश की सेवा की। पिता की सैन्य सेवा और अनुशासन की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए दीक्षा ने अपनी मेहनत और लगन के दम पर सेना में अधिकारी बनने का मुकाम हासिल किया। उनकी सफलता परिवार के लिए गर्व का क्षण है।
दीक्षा की मां गीता देवी ने बेटी की उपलब्धि पर खुशी जताते हुए कहा कि उसकी मेहनत और लगन ने परिवार का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है। वहीं, पूर्व प्रधान रीतराम ने दीक्षा को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने उम्मीद जताई कि दीक्षा पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ देश की सेवा करेंगी।
दीक्षा की उपलब्धि उन बेटियों के लिए भी प्रेरणा है, जो अपने सपनों को साकार करते हुए देशसेवा के क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहती हैं। पिता की 24 साल की सैन्य सेवा के बाद बेटी का सेना में लेफ्टिनेंट बनना परिवार की गौरवशाली परंपरा को नई पहचान देता है।




