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नीरव मोदी का प्रत्यर्पण से बचने का पैंतरा, लंदन कोर्ट में वकील ने कहा- दिमागी हालत ठीक नहीं

भगोड़े हीरा कारोबारी नीरव मोदी की वकील ने प्रत्यर्पण ट्रायल के दूसरे दिन लंदन की कोर्ट से मंगलवार को कहा कि उनके मुवक्किल (नीरव मोदी) को मानसिक स्वास्थ्य की समस्या है. वकील क्लेयर मोंटगोमरी ने ये भी कहा कि नीरव मोदी को अगर प्रत्यर्पित किया जाता है और मुंबई की आर्थर रोड जेल में रखा जाता है तो यह उनके मुवक्किल के मानवाधिकारों का उल्लंघन होगा. वकील ने नीरव मोदी के खिलाफ सभी आरोपों को निराधार बताया.

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भगोड़े हीरा कारोबारी नीरव मोदी की वकील ने प्रत्यर्पण ट्रायल के दूसरे दिन लंदन की कोर्ट से मंगलवार को कहा कि उनके मुवक्किल (नीरव मोदी) को मानसिक स्वास्थ्य की समस्या है. वकील क्लेयर मोंटगोमरी ने ये भी कहा कि नीरव मोदी को अगर प्रत्यर्पित किया जाता है और मुंबई की आर्थर रोड जेल में रखा जाता है तो यह उनके मुवक्किल के मानवाधिकारों का उल्लंघन होगा. वकील ने नीरव मोदी के खिलाफ सभी आरोपों को निराधार बताया.वकील मोंटगोमरी ने वेस्टमिंस्टर मजिस्ट्रेट कोर्ट को यह भी बताया कि आर्थर रोड जेल में मानसिक रूप से अस्वस्थ कैदियों के लिए कोई विशेष डॉक्टर नहीं है. प्रत्यर्पण सुनवाई के पहले दिन, भारत की ओर से क्राउन प्रॉसिक्यूशन सर्विस (CPS) ने अदालत को सूचित किया था कि अगर नीरव मोदी को प्रत्यर्पित किया जाता है, तो मुंबई की आर्थर रोड जेल में बैरक नंबर 12 में रखा जाएगा.भारतीय जांच एजेंसियों के सूत्रों ने इंडिया टुडे को बताया कि नीरव मोदी के मानसिक स्वास्थ्य मुद्दे को बचाव पक्ष की वकील ने प्रत्यर्पण प्रक्रिया में देरी के लिए उठाया हो सकता है और ये सिर्फ एक बहाना है. नीरव मोदी के प्रत्यर्पण ट्रायल पर पांच दिन की सुनवाई 11 मई को शुरू हुई. नीरव मोदी की वैंड्सवर्थ जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट में पेशी कराई जा रही है. इस जेल में नीरव मोदी मार्च 2019 में अपनी गिरफ्तारी के बाद से बंद है.बचाव पक्ष की वकील ने कोर्ट में दावा किया कि नीरव मोदी के खिलाफ लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया सही नहीं हैं. वकील ने पंजाब नेशनल बैंक के हिस्से से कथित ‘अक्षमता’ को स्थिति के लिए जिम्मेदार ठहराया. कोर्ट ने गवाहों के बयान वाले वो वीडियो भी देखे जिसमें गवाहों ने बताया कि नीरव मोदी की ओर से उन्हें कैसे धमकियां दी गई थीं.

बता दें कि सुनवाई के पहले दिन सोमवार को क्राउन प्रॉसीक्यूशन सर्विस (CPS) ने सीबीआई और ईडी का पक्ष उनकी ओर से उपलब्ध कराए सबूतों के आधार पर कोर्ट के समक्ष रखा. साथ ही आरोपों की एक सीरीज बनाते हुए कोर्ट को बताया कि नीरव मोदी की ओर से संचालित यूएई में 13 और हांगकांग में 6 कंपनियों का जांच में पता चला. इन सभी का मकसद धोखाधड़ी से हासिल किए पैसे को इधर से उधर घुमाना था.

CPS का प्रतिनिधित्व करने वाली वकील हेलेन मैल्कम ने कोर्ट के सामने आरोप लगाया कि नीरव मोदी ने एक गवाह को उसके खिलाफ बयान देने की स्थिति में जान से मारने की धमकी दी. नीरव मोदी के भाई के नाम का उल्लेख करते हुए, CPS ने यह भी आरोप लगाया कि निहाल मोदी ने काहिरा में सबूत नष्ट करने के लिए मोबाइल फोन और सर्वर को नष्ट कर दिया.

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